उनका कहना था कि अमरीका और इस्राईल वर्तमान स्थिति का दुरुपयोग करते हुए वेस्टबैंक पर क़ब्ज़ा जमाने के प्रयास में हैं। उन्होंने अलमयादीन से बात करते हुए हमारी नीति, वेस्टबैंक में ज़ायोनी शासन की नीतियों के विरोधी जन दृष्टिकोण को पुनर्जीवित करना है।
उनका कहना था कि जनरल क़ासिम सुलैमान ने किसी भी मुद्दे का विरोध नहीं किया जो प्रतिरोध से जुड़ा हुआ था। उन्होंने कहा कि शहीद जनरल क़ासिम सुलैमानी, सच्चे, वीर और प्रतिरोध के समर्थक थे।
फ़िलिस्तीन के इस्लामी प्रतिरोध आंदोलन हमास के राजनैतिक कार्यालय के उप प्रमुख सालेह आरूरी का कहना था कि वर्ष 2008 में ग़ज़्ज़ा पर इस्राईल के हमले के दौरान दमिश्क़ में प्रतिरोध के वॉर रूम में जनरल क़ासिम सुलैमानी मौजूद थे।